RTGS क्या होता है? और कैसे काम करता है?

0
32

आज के डिजिटल युग में एक अकाउंट से दूसरे अकाउंट में पैसे ट्रांसफर करने के कई सारे विकल्प मौजूद हैं इनमें सबसे ज्यादा पॉपुलर RTGS, NEFT और IMPS है आज हम RTGS को ही समझने का प्रयास करेंगे RTGS का उपयोग आप बैंक जाकर या फिर ऑनलाइन बैंकिंग के माध्यम से अपने घर से ही कर सकते हैं।

क्या है आरटीजीएस RTGS ?

RTGS का पूरा नाम रियल टाइम ग्रॉस सेटेलमेंट है आरटीजीएस पैसे ट्रांसफर करने की सबसे तेज सेवा है। जहां आपको नेफ्ट से पैसे प्राप्त करने में समय लगता है वही आरटीजीएस के माध्यम से 30 मिनट के अंदर पैसे आते हैं।

आरटीजीएस का इस्तेमाल बड़ी रकम भेजने के लिए किया जाता है यदि किसी कारण से पैसे दूसरे का अकाउंट में नहीं पहुंचते तो सारे पैसे आपके अकाउंट में वापस भेज दिए जाते है। आरटीजीएस सेवा का लाभ कोई भी व्यक्ति जिसका बैंक में खाता है उठा सकता है बस आप को बैंक से आरटीजीएस फंड ट्रांसफर का फॉर्म लेकर भरना पड़ता है।

आरटीजीएस से पैसे भेजने के लिए हमें पैसे भेजने वाले काअकाउंट नंबर, बैंक ब्रांच, आईएफएससी (IFSE CODE) कोड पता होना चाहिए साथ ही एक चेक जिस पर आपके स्वयं के साइन हो।

 आरटीजीएस कैसे करते हैं?

आरटीजीएस आप बैंक ब्रांच जाकर या फिर ऑनलाइन बैंकिंग यानी नेट बैंकिंग के माध्यम से भी कर सकते हैं। घर बैठे तत्काल मनी ट्रांसफर कर सकते हैं। ऑनलाइन ट्रांसफर में आप आरटीजीएस वाला ऑप्शन चुनें और बेनिफिशियरी लाभार्थी की बैंक डिटेल डालकर ऐड करें उसके बाद जितनी रकम भेजने ही वह भरे और सबमिट कर दें। इसके लिए आपको लाभार्थी के बैंक अकाउंट की जानकारी होनी चाहिए जैसे:-

  • बैंक का नाम
  •  ब्रांच ऐड्रेस
  • (IFSE CODE)  आईएफएससी कोड आदि।

ऑफलाइन कैसे करें आवेदन?

यदि आपको ऑनलाइन अप्लाई करना नहीं आता है तब आप इसे ऑफलाइन में भी अप्लाई कर सकते हैं पर इसके लिए आपको फिजिकली बैंक ब्रांच में जाकर ठीक उसी तरह से स्लिप भरनी होती है जिस तरह से आप चेक डिपॉजिट किया करते समय नॉरमल फॉर्म भरते हैं। जैसे ही आप इंट्रोडक्शन स्लिप फिल करके डिपॉजिट करते हैं तो सेंडिंग बैंक उस इंट्रोडक्शन स्लिप में भरी गई इंफॉर्मेशन को अपने सेंट्रल प्रोसेसिंग सिस्टम में फीड कर देता है इनफॉरमेशन प्रोसेसिंग सिस्टम आरबीआई को भेज दी जाती है। इसके पश्चात आरबीआई सारी ट्रांजैक्शन को प्रोसेस करके कंप्लीट करता है और बैंक के अकाउंट में अमाउंट को डेबिट करके इसको आरटीजीएस किया गया है उसके अकाउंट में अमाउंट क्रेडिट कर देता है।

इसके बाद एक UTI NUMBER GENRATE होता है जिसे आरबीआई अमाउंट सेंड करने वाले बैंक को भेज कर देता है। यह प्राप्त होने का यह मतलब होता है कि आपका फंड ट्रांसफर हो गया है।

जैसी अमाउंट सेंड करने वाले बैंक को UTI NUMBER  नंबर प्राप्त होता है वैसे ही वह बैंक उसकी जानकारी अमाउंट रिसीव करने वाले बैंक को देता है। और उसके बाद प्राप्तकर्ता बैंक में अमाउंट उस अकाउंट होल्डर के अकाउंट में क्रेडिट कर देता है जिसे अमाउंट सेंड किया गया है।

इस पूरी प्रक्रिया को पूरा होने के लिए लगभग 30 मिनट की अवधि लगती है एयर करके इसके दौरान ही आपका आरटीजीएस ट्रांजैक्शन कंप्लीट हो जाता है और फंड लाभार्थी के अकाउंट में क्रेडिट कर दिया जाता है। आरटीजीएस ट्रांजैक्शन के फीचर्स इसमें रियल टाइम ऑन वन ट्रांसफर किया जाता है। इसे मुख्यतः हाई वैल्यू ट्रांजैक्शन के लिए इस्तेमाल किया जाता है यह बहुत ही सुरक्षित तरीका  है क्योंकि इसके पीछे आरबीआई का हाथ होता है।

इसमें इमीडिएट क्लीयरिंग हो जाती है इसके साथ इसमें फंड स्कोर 1 ऑन 1 बेसिस में क्रेडिट किया जाता है इसमें ट्रांजैक्शन को इंडिविजुअल और ग्रॉस बेसिस पर इसमें एक्जक्यूट किया जाता है।

असल में आरटीजीएस तब जरूरी है अगर कोई व्यक्ति दैनिक बड़े ट्रांजैक्शन कर रहा हो तब उन्हें मुख्यतः आरटीजीएस की जरूरत होती है देखा जाए तो कारोबारियों के द्वारा यह ज्यादा इस्तेमाल में लाए जाते हैं क्योंकि उन्हें अपने बिजनेस से संबंधित दिनभर में कई बार ज्यादा बड़े वैल्यू ट्रांजैक्शन करने होते हैं और ऐसे में हाई वैल्यू वाले ट्रांजैक्शन आरटीजीएस के माध्यम से ही जाते हैं लेकिन यह सिर्फ उनके लिए सीमित नहीं है बल्कि आरटीजीएस का इस्तेमाल आम व्यक्ति को अपने किसी एक अकाउंट  किसी दूसरे के अकाउंट में दो लाख से ज्यादा का का फंड ट्रांसफर करता है तो भी वह आरटीजीएस का इस्तेमाल कर सकता है। आप फंड ट्रांसफर के लिए  म्यूच्अल फंड में इन्वेस्टमेंट करने के लिए भी आरटीजीएस का इस्तेमाल कर सकते हैं

Previous articleWhat is Digital Marketing? (डिजिटल मार्केटिंग क्या है)
Next articleअखिर क्या है सीईओ?
मेरा नाम अंजलि हे। मैं दिल्ली विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की पढ़ाई कर रही हूँ। मुझे नए विषयों पर शोध करना और उन पर लेख लिखना पसंद है। इसलिए, मैं Go Articles वेबसाइट में बतौर लेखिका के रूप में लिख रही हूं ताकि आप भी इन नई तकनीकों और जानकारियों से अवगत हो सकें। आशा है आप हमारे लिखे लेखों को पसंद करेंगे ।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here